मन भावन का साथ
संजय जैनमन भावन का साथ मिला
व्याह अभी तक हुआ नही।
दिल की बातें कहने का
मौका अब तक मिला नही।
दूर रहे या पास रहे हो
पर हम तो करीब बने रहे।
कल तक सपनों में जीते थे
पर अब तो दोनों साथ है।।
दरवाजे पर करते है हम
उनका रोज इंतजार अब।
जब तक घर नही आते वो
तब तक रहते बैचैन हम।
प्यार मोहब्बत का मतलब
अब सच में हम जान सके।
बनकर पति पत्नी हम दोनों
सत्य जीवन का पहचान सके।।
लड़क पचोड़ की मस्ती में
दिल हम दोनों दे बैठे।
पढ़ाई लिखाई के दिनों में
प्यार मोहब्बत जो कर बैठे।
समझ नही पाये तब हम
होती है ये क्या बला।
जिसके चक्कर में फसकर
लक्ष्य जीवन का भूल गये।।
जय जिनेंद्र
संजय जैन "बीना" मुंबई
हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे फेसबुक पेज से जुड़े https://www.facebook.com/divyarashmimag हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews हमें ट्विटर पर फॉलो करे :- https://x.com/DivyaRashmi8

0 टिप्पणियाँ
दिव्य रश्मि की खबरों को प्राप्त करने के लिए हमारे खबरों को लाइक ओर पोर्टल को सब्सक्राइब करना ना भूले| दिव्य रश्मि समाचार यूट्यूब पर हमारे चैनल Divya Rashmi News को लाईक करें |
खबरों के लिए एवं जुड़ने के लिए सम्पर्क करें contact@divyarashmi.com
#NEWS,
#hindinews