Advertisment1

यह एक धर्मिक और राष्ट्रवादी पत्रिका है जो पाठको के आपसी सहयोग के द्वारा प्रकाशित किया जाता है अपना सहयोग हमारे इस खाते में जमा करने का कष्ट करें | आप का छोटा सहयोग भी हमारे लिए लाखों के बराबर होगा |

भारतीय जन क्रांति दल डेमोक्रेटिक के देशभर के कार्यालयों में श्रद्धा के साथ मनाई गई वीर सावरकर की पुण्यतिथि, पटना में हुआ मुख्य आयोजन

भारतीय जन क्रांति दल डेमोक्रेटिक के देशभर के कार्यालयों में श्रद्धा के साथ मनाई गई वीर सावरकर की पुण्यतिथि, पटना में हुआ मुख्य आयोजन


पटना, 26 फरवरी 2026: महान स्वतंत्रता सेनानी और प्रखर राष्ट्रवादी विचारक विनायक दामोदर सावरकर (वीर सावरकर) की पुण्यतिथि गुरुवार को भारतीय जन क्रांति दल डेमोक्रेटिक के देशभर के कार्यालयों में श्रद्धा, सम्मान और राष्ट्रभक्ति के साथ मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर श्रद्धांजलि कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की गई, जिसमें संगठन के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं एवं आम नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

पटना में केंद्रीय कार्यक्रम, डॉ. राकेश दत्त मिश्र ने किया नेतृत्व
राजधानी पटना में आयोजित मुख्य कार्यक्रम की अध्यक्षता पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ. राकेश दत्त मिश्र ने की। उन्होंने वीर सावरकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए और उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि सावरकर का जीवन त्याग, तपस्या और अदम्य राष्ट्रभक्ति का अनुपम उदाहरण है।

डॉ. मिश्र ने कहा कि सावरकर ने अंग्रेजी हुकूमत के अमानवीय अत्याचारों को सहते हुए भी कभी अपने लक्ष्य से समझौता नहीं किया। उनका संघर्ष केवल राजनीतिक स्वतंत्रता तक सीमित नहीं था, बल्कि वे एक सशक्त, आत्मनिर्भर और जागरूक भारत के निर्माण के पक्षधर थे।
सावरकर के विचार आज भी प्रासंगिक: डॉ. मिश्र
अपने विस्तृत संबोधन में डॉ. मिश्र ने कहा कि वीर सावरकर केवल एक क्रांतिकारी नहीं, बल्कि एक दूरदर्शी चिंतक, साहित्यकार और कुशल संगठनकर्ता भी थे। उन्होंने कहा कि सावरकर के विचारों ने स्वतंत्रता आंदोलन को वैचारिक मजबूती प्रदान की।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सावरकर की प्रेरणा से सुभाष चंद्र बोस ने आजाद हिंद फौज के गठन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए, वहीं मदन लाल ढींगरा जैसे क्रांतिकारियों ने देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर किए।
डॉ. मिश्र ने कहा कि आज के समय में सावरकर के विचार युवाओं को राष्ट्र के प्रति समर्पण, आत्मनिर्भरता और सांस्कृतिक जागरूकता का संदेश देते हैं, जो राष्ट्र निर्माण के लिए अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नेताओं और कार्यकर्ताओं की उपस्थिति
पटना के इस कार्यक्रम में रमेश कुमार चौबे, राजीव झा, भोला झा ‘लाल बाबा’, मुरारी लाल अग्रवाल, श्रवण देबूका, शिव शंकर पाल, सुमित राज कात्यायन, मनीष अग्रवाल, शैलेश कुमार ठाकुर, गणेश प्रसाद, संजय दास, ओमेश कुमार सिन्हा और दिव्यांशु सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता, समर्थक और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
सभी ने वीर सावरकर के योगदान को स्मरण करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।

देशभर में राजनीतिक-सामाजिक कार्यक्रमों की श्रृंखला
भारतीय जन क्रांति दल डेमोक्रेटिक के निर्देश पर दिल्ली, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, बिहार, गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान तथा दक्षिण भारत के कई राज्यों में पार्टी के जिला एवं प्रदेश कार्यालयों पर श्रद्धांजलि सभाओं का आयोजन किया गया।
इन कार्यक्रमों में सावरकर के जीवन, उनके क्रांतिकारी योगदान और राष्ट्रवादी विचारधारा पर विस्तृत चर्चा की गई। कई स्थानों पर विचार गोष्ठियां, संगोष्ठियां और व्याख्यान आयोजित किए गए, जिनमें युवाओं और छात्रों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।
स्कूलों और महाविद्यालयों में निबंध प्रतियोगिताएं, भाषण प्रतियोगिताएं और देशभक्ति आधारित कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिससे नई पीढ़ी को स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास और सावरकर के योगदान से अवगत कराया जा सके।
डिजिटल माध्यमों पर भी दिखी सक्रियता
पार्टी के आईटी प्रकोष्ठ एवं समर्थकों द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी वीर सावरकर को व्यापक रूप से श्रद्धांजलि दी गई। उनके विचारों, उद्धरणों और ऐतिहासिक योगदान को साझा कर लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया गया।
देश के कई हिस्सों में दीप प्रज्वलन, मौन श्रद्धांजलि और राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रमों का समापन किया गया।
प्रवासी भारतीयों ने भी दी श्रद्धांजलि
इस अवसर पर देश-विदेश में रह रहे भारतीयों ने भी विभिन्न माध्यमों से वीर सावरकर को श्रद्धांजलि अर्पित की। ए. के. जिंदल, बिदेह नंदिनी चौधरी, नवीन कुमार, प्रोमिला अय्यर, मोतीलाल शर्मा, कैलाश चंद्र जांगिड़, मिश्रीलाल विश्वकर्मा, अनीता यादव, मधु परिहार, आरती श्रीवास्तव, गोविंद रंजन, दीप शेखर सिंहल, किरण कुमारी वर्तनी, ओम प्रकाश अग्रवाल, कृष्णा कुमार साहा, लक्ष्मी गुंसाईं, विक्रम खेतावत, ओम प्रकाश गुप्ता, निशा वाणी और मधु सिन्हा सहित अनेक लोगों ने अपनी श्रद्धांजलि व्यक्त की।
राष्ट्र निर्माण का संकल्प
कार्यक्रमों में वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि वीर सावरकर का जीवन साहस, संघर्ष और राष्ट्रभक्ति की अमिट गाथा है। उनके विचार आज भी देश के लिए मार्गदर्शक हैं।पुण्यतिथि के अवसर पर पार्टी कार्यकर्ताओं एवं नागरिकों ने संकल्प लिया कि वे सावरकर के आदर्शों को अपनाते हुए राष्ट्रहित में कार्य करेंगे और एक सशक्त, आत्मनिर्भर एवं जागरूक भारत के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews #Divya Rashmi News, #दिव्य रश्मि न्यूज़ https://www.facebook.com/divyarashmimag

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ